Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 3.83.140-141h: हे पुरुषश्रेष्ठ! शुद्ध एवं विजयी पुरुष ब्रह्मयोनितीर्थ में जाकर वहाँ स्नान करके ब्रह्मलोक को प्राप्त होता है। इसमें कोई संदेह नहीं कि वह अपने कुल की सात पीढ़ियों को भी पवित्र कर देता है ॥140 1/2॥ | mahabharat अध्याय 3.83: कुरुक्षेत्रकी सीमामें स्थित अनेक तीर्थोंकी महत्ताका वर्णन । mahabharat पर्व 3: वन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
हे पुरुषश्रेष्ठ! शुद्ध एवं विजयी पुरुष ब्रह्मयोनितीर्थ में जाकर वहाँ स्नान करके ब्रह्मलोक को प्राप्त होता है। इसमें कोई संदेह नहीं कि वह अपने कुल की सात पीढ़ियों को भी पवित्र कर देता है ॥140 1/2॥
O best of men! A pure and conquered man, by going to the Brahmayonitirtha and taking a bath there, attains Brahmaloka. There is no doubt that he also purifies seven generations of his family. ॥140 1/2॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥