vedamrit
Reset
Home
प्रमुख ग्रंथ
भगवद गीता
श्रीमद् रामायण
श्रीमद् भागवतम
श्री महाभारत
श्री रामचरितमानस
श्रीमद् विष्णु पुराण
श्रीचैतन्य भागवत
श्रीचैतन्य चरितामृत
भक्तिरसामृतसिन्धु
वैष्णव भजन, इस्कॉन आरती
Articles
Apps
About
श्री महाभारत
»
पर्व 3: वन पर्व
»
अध्याय 235: सत्यभामाका द्रौपदीको आश्वासन देकर श्रीकृष्णके साथ द्वारकाको प्रस्थान
»
श्लोक 9
श्लोक
3.235.9
तव दु:खोपपन्नाया यैराचरितमप्रियम्।
विद्धि सम्प्रस्थितान् सर्वांस्तान् कृष्णे यमसादनम्॥ ९॥
अनुवाद
हे कृष्ण! आप महान दुःख में थे, उस अवस्था में जिन लोगों ने आपका अपमान किया था, उन सभी को यमलोक में जाना चाहिए।॥9॥
Krishna! You were in great pain, in that condition those people who offended you should consider them all to have gone to Yamaloka.॥ 9॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
© 2023 vedamrit.in - All Rights Reserved. Developed by ACd
Download SongBook App
Install
×