श्री महाभारत  »  पर्व 3: वन पर्व  »  अध्याय 190: युगान्तकालिक कलियुगके समयके बर्तावका तथा कल्कि-अवतारका वर्णन  »  श्लोक 23
 
 
श्लोक  3.190.23 
सरित्तीरेषु कुद्दालैर्वापयिष्यन्ति चौषधी:।
ताश्चाप्यल्पफलास्तेषां भविष्यन्ति युगक्षये॥ २३॥
 
 
अनुवाद
लोग नदी के किनारे की भूमि को कुदाल से खोदकर वहाँ फसल बोएँगे। युग के अन्त के प्रभाव से वे फसलें भी बहुत कम फल देंगी।॥23॥
 
People will dig the land near the river banks with hoes and sow crops there. Those crops will also bear very little fruit due to the effect of the end of the age.॥ 23॥
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