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mahabharat 3.134.14: बन्दिना बोली - सात ग्राम्य पशु हैं (जिनके नाम इस प्रकार हैं) - गाय, भैंस, बकरी, भेड़, घोड़ा, कुत्ता और गधा। सात वन्य पशु भी हैं (अर्थात् सिंह, व्याघ्र, भेड़िया, हाथी, बन्दर, भालू और मृग)। गायत्री, उष्णिक, अनुष्टुप, बृहती, पंक्ति, त्रिष्टुप और जगती - ये सात ऋचाएँ एक-एक यज्ञ सम्पन्न करती हैं। सप्तऋषि नाम से प्रसिद्ध ऋषियों की संख्या भी सात है (अर्थात् मरीचि, अत्रि, पुलह, पुलस्त्य, क्रतु, अंगिरा और वसिष्ठ), पूजन के संक्षिप्त उपाय भी सात हैं (अर्थात् गंध, पुष्प, धूप, दीप, नैवेद्य, आचमन और ताम्बूल) और वीणा के सात तार भी प्रसिद्ध हैं॥14॥   |   mahabharat अध्याय 3.134: बन्दी और अष्टावक्रका शास्त्रार्थ, बन्दीकी पराजय तथा समङ्गामें स्नानसे अष्टावक्रके अंगोंका सीधा होना   ।   mahabharat पर्व 3: वन पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री महाभारत  »  पर्व 3: वन पर्व  »  अध्याय 134: बन्दी और अष्टावक्रका शास्त्रार्थ, बन्दीकी पराजय तथा समङ्गामें स्नानसे अष्टावक्रके अंगोंका सीधा होना  »  श्लोक 14
 
 
श्लोक  3.134.14 
बन्द्युवाच
सप्त ग्राम्या: पशव: सप्त वन्या:
सप्तच्छन्दांसि क्रतुमेकं वहन्ति।
सप्तर्षय: सप्त चाप्यर्हणानि
सप्ततन्त्री प्रथिता चैव वीणा॥ १४॥
 
 
अनुवाद
बन्दिना बोली - सात ग्राम्य पशु हैं (जिनके नाम इस प्रकार हैं) - गाय, भैंस, बकरी, भेड़, घोड़ा, कुत्ता और गधा। सात वन्य पशु भी हैं (अर्थात् सिंह, व्याघ्र, भेड़िया, हाथी, बन्दर, भालू और मृग)। गायत्री, उष्णिक, अनुष्टुप, बृहती, पंक्ति, त्रिष्टुप और जगती - ये सात ऋचाएँ एक-एक यज्ञ सम्पन्न करती हैं। सप्तऋषि नाम से प्रसिद्ध ऋषियों की संख्या भी सात है (अर्थात् मरीचि, अत्रि, पुलह, पुलस्त्य, क्रतु, अंगिरा और वसिष्ठ), पूजन के संक्षिप्त उपाय भी सात हैं (अर्थात् गंध, पुष्प, धूप, दीप, नैवेद्य, आचमन और ताम्बूल) और वीणा के सात तार भी प्रसिद्ध हैं॥14॥
 
Bandina said - There are seven rural animals (whose names are as follows) - cow, buffalo, goat, sheep, horse, dog and donkey. There are also seven wild animals (i.e. lion, tiger, wolf, elephant, monkey, bear and deer). Gayatri, Ushnik, Anushtup, Brihati, Pankti, Trishtup and Jagati – these seven verses perform one Yagya each. The number of sages famous by the name Saptarishi is also seven (ie Marichi, Atri, Pulah, Pulastya, Kratu, Angira and Vasistha), the brief remedies for worship are also seven (ie scent, flower, incense, lamp, naivedya, achaman and tambul) and the seven strings of Veena are also famous. 14॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)