Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 2.57.45: दुर्योधन ने कहा- जब विदुरजी आपसे मिलेंगे, तो वे आपको इस कार्य से अवश्य मुक्त कर देंगे। हे राजन! यदि आप इस कार्य से विमुख हो गए, तो मैं अवश्य ही अपने प्राण त्याग दूँगा। | mahabharat अध्याय 2.57: धृतराष्ट्रके पूछनेपर दुर्योधनका अपनी चिन्ता बताना और द्यूतके लिये धृतराष्ट्रसे अनुरोध करना एवं धृतराष्ट्रका विदुरको इन्द्रप्रस्थ जानेका आदेश । mahabharat पर्व 2: सभा पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
दुर्योधन ने कहा- जब विदुरजी आपसे मिलेंगे, तो वे आपको इस कार्य से अवश्य मुक्त कर देंगे। हे राजन! यदि आप इस कार्य से विमुख हो गए, तो मैं अवश्य ही अपने प्राण त्याग दूँगा।
Duryodhan said- When Vidurji meets you, he will certainly relieve you from this task. O King! If you turn away from this task, then I will surely give up my life. 45.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥