Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 2.44.d89: भीष्म कहते हैं - युधिष्ठिर! देवताओं और गन्धर्वों ने देखा कि बैल के समान विशाल नेत्रों वाले भगवान श्रीकृष्ण उन सुन्दर स्त्रियों के सामने ऐसे खड़े हैं, जैसे नई गायों के सामने बैल खड़ा होता है। | mahabharat अध्याय 2.44: नरकासुरका सैनिकोंसहित वध, देवता आदिकी सोलह हजार कन्याओंको पत्नीरूपमें स्वीकार करके श्रीकृष्णका उन्हें द्वारका भेजना तथा इन्द्रलोकमें जाकर अदितिको कुण्डल अर्पणकर द्वारकापुरीमें वापस आना । mahabharat पर्व 2: सभा पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
भीष्म कहते हैं - युधिष्ठिर! देवताओं और गन्धर्वों ने देखा कि बैल के समान विशाल नेत्रों वाले भगवान श्रीकृष्ण उन सुन्दर स्त्रियों के सामने ऐसे खड़े हैं, जैसे नई गायों के सामने बैल खड़ा होता है।
Bhishma says - Yudhishthira! The Gods and Gandharvas saw that Lord Krishna with eyes as big as a bull was standing in front of those beautiful women like a bull in front of new cows.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥