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mahabharat 17.2.15: भीमसेन के इस प्रकार पूछने पर समस्त बुद्धिमानों में श्रेष्ठ धर्मात्मा युधिष्ठिर ने नकुल के विषय में इस प्रकार उत्तर दिया-॥15॥   |   mahabharat अध्याय 17.2: मार्गमें द्रौपदी, सहदेव, नकुल, अर्जुन और भीमसेनका गिरना तथा युधिष्ठिरद्वारा प्रत्येकके गिरनेका कारण बताया जाना   ।   mahabharat पर्व 17: महाप्रस्थानिक पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री महाभारत  »  पर्व 17: महाप्रस्थानिक पर्व  »  अध्याय 2: मार्गमें द्रौपदी, सहदेव, नकुल, अर्जुन और भीमसेनका गिरना तथा युधिष्ठिरद्वारा प्रत्येकके गिरनेका कारण बताया जाना  »  श्लोक 15
 
 
श्लोक  17.2.15 
इत्युक्तो भीमसेनेन प्रत्युवाच युधिष्ठिर:।
नकुलं प्रति धर्मात्मा सर्वबुद्धिमतां वर:॥ १५॥
 
 
अनुवाद
भीमसेन के इस प्रकार पूछने पर समस्त बुद्धिमानों में श्रेष्ठ धर्मात्मा युधिष्ठिर ने नकुल के विषय में इस प्रकार उत्तर दिया-॥15॥
 
When Bhimsen asked in this manner, Yudhishthir, the most virtuous among all wise men, replied thus about Nakula -॥ 15॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)