Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 16.7.28: हे भरतश्रेष्ठ! अर्जुन ने कभी धर्म का त्याग नहीं किया था। उस धर्मानुष्ठान को पूरा करके अर्जुन उस स्थान पर गए जहाँ वृष्णिवंशियों का वध हुआ था॥ 28॥ | mahabharat अध्याय 16.7: वसुदेवजी तथा मौसलयुद्धमें मरे हुए यादवोंका अन्त्येष्टि संस्कार करके अर्जुनका द्वारकावासी स्त्री-पुरुषोंको अपने साथ ले जाना, समुद्रका द्वारकाको डुबो देना और मार्गमें अर्जुनपर डाकुओंका आक्रमण, अवशिष्ट यादवोंको अपनी राजधानीमें बसा देना । mahabharat पर्व 16: मौसल पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
हे भरतश्रेष्ठ! अर्जुन ने कभी धर्म का त्याग नहीं किया था। उस धर्मानुष्ठान को पूरा करके अर्जुन उस स्थान पर गए जहाँ वृष्णिवंशियों का वध हुआ था॥ 28॥
O best of the Bharatas! Arjuna had never abandoned Dharma. After completing that Dharma ritual, Arjuna went to the place where the Vrishnis were killed.॥ 28॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥