श्री महाभारत  »  पर्व 14: आश्वमेधिक पर्व  »  अध्याय 70: श्रीकृष्णद्वारा राजा परिक्षित् का नामकरण तथा पाण्डवोंका हस्तिनापुरके समीप आगमन  »  श्लोक 13-14h
 
 
श्लोक  14.70.13-14h 
मासजातस्तु ते वीर पिता भवति भारत॥ १३॥
अथाजग्मु: सुबहुलं रत्नमादाय पाण्डवा:।
 
 
अनुवाद
हे वीर भरतनंदन! जब आपके पिता एक महीने के थे, तब पांडव बहुत-सी रत्नमयी मणियाँ लेकर हस्तिनापुर लौटे थे।
 
O brave Bharata Nandan! When your father was one month old, the Pandavas returned to Hastinapur with a lot of precious stones. 13 1/2
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)