Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 14.54.23: हे ब्राह्मणश्रेष्ठ! पाण्डव अपने धर्मपूर्वक आचरण के कारण समस्त लोकों में विख्यात हो गए हैं। मैंने यह सम्पूर्ण वृत्तान्त आपके प्रश्नों के अनुसार सुनाया है॥ 23॥ | mahabharat अध्याय 14.54: भगवान् श्रीकृष्णका उत्तंकसे अध्यात्मतत्त्वका वर्णन करना तथा दुर्योधनके अपराधको कौरवोंके विनाशका कारण बतलाना । mahabharat पर्व 14: आश्वमेधिक पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
हे ब्राह्मणश्रेष्ठ! पाण्डव अपने धर्मपूर्वक आचरण के कारण समस्त लोकों में विख्यात हो गए हैं। मैंने यह सम्पूर्ण वृत्तान्त आपके प्रश्नों के अनुसार सुनाया है॥ 23॥
O best of Brahmins! The Pandavas have become famous in all the worlds due to their religious conduct. I have narrated this entire incident as per your questions.॥ 23॥
इति श्रीमहाभारते आश्वमेधिके पर्वणि अनुगीतापर्वणि उत्तङ्कोपाख्याने कृष्णवाक्ये चतुष्पञ्चाशत्तमोऽध्याय:॥ ५४॥
इस प्रकार श्रीमहाभारत आश्वमेधिकपर्वके अन्तर्गत अनुगीतापर्वमें उत्तंकके उपाख्यानमें श्रीकृष्णका वचनविषयक चौवनवाँ अध्याय पूरा हुआ॥ ५४॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥