श्री महाभारत  »  पर्व 13: अनुशासन पर्व  »  अध्याय 84: लक्ष्मी और गौओंका संवाद तथा लक्ष्मीकी प्रार्थनापर गौओंके द्वारा गोबर और गोमूत्रमें लक्ष्मीको निवासके लिये स्थान दिया जाना  »  श्लोक 26
 
 
श्लोक  13.84.26 
एवं कृत्वा तु समयं श्रीर्गोभि: सह भारत।
पश्यन्तीनां ततस्तासां तत्रैवान्तरधीयत॥ २६॥
 
 
अनुवाद
हे भरतनन्दन! गौओं को यह वचन देकर देवी लक्ष्मी उनकी आँखों के सामने से अन्तर्धान हो गईं।
 
O Bharatanandan! Having made this promise to the cows, Goddess Lakshmi disappeared from there in front of their eyes.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)