Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 13.81.18: जो मनुष्य मोटी और ताजा बछड़े वाली गाय को कम्बल से सजाकर ब्राह्मण को दान देता है, वह बिना किसी बाधा के विश्वेदेवों के परम लोक को प्राप्त होता है ॥18॥ | mahabharat अध्याय 13.81: गौओंको तपस्याद्वारा अभीष्ट वरकी प्राप्ति तथा उनके दानकी महिमा, विभिन्न प्रकारके गौओंके दानसे विभिन्न उत्तम लोकोंमें गमनका कथन । mahabharat पर्व 13: अनुशासन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
जो मनुष्य मोटी और ताजा बछड़े वाली गाय को कम्बल से सजाकर ब्राह्मण को दान देता है, वह बिना किसी बाधा के विश्वेदेवों के परम लोक को प्राप्त होता है ॥18॥
He who adorns a fat and fresh calf cow with hanging blanket and makes charity of it to a Brahmana, reaches the supreme world of the Visvedevas without any hindrance. ॥18॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥