Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 13.80.24: मैं सदैव गायों के दर्शन करता रहूँ और गायें मुझ पर कृपा करती रहें। गायें हमारी हैं और हम गायों के हैं। जहाँ गायें रहेंगी, हम भी वहीं रहेंगे॥ 24॥ | mahabharat अध्याय 13.80: वसिष्ठका सौदासको गोदानकी विधि एवं महिमा बताना । mahabharat पर्व 13: अनुशासन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
मैं सदैव गायों के दर्शन करता रहूँ और गायें मुझ पर कृपा करती रहें। गायें हमारी हैं और हम गायों के हैं। जहाँ गायें रहेंगी, हम भी वहीं रहेंगे॥ 24॥
‘May I always see the cows and may the cows shower their blessings on me. The cows are ours and we belong to the cows. Wherever the cows live, we will live there.॥ 24॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥