Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 13.40.29: यमराज, वायु, मृत्यु, पाताल, बड़वानल, तलवार की तेज धार, विष, सर्प और अग्नि - ये सब एक ओर विनाश के लिए समान हैं और एक ओर केवल स्त्रियाँ हैं ॥29॥ | mahabharat अध्याय 13.40: पञ्चचूड़ा अप्सराका नारदजीसे स्त्रियोंके दोषोंका वर्णन करना । mahabharat पर्व 13: अनुशासन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
यमराज, वायु, मृत्यु, पाताल, बड़वानल, तलवार की तेज धार, विष, सर्प और अग्नि - ये सब एक ओर विनाश के लिए समान हैं और एक ओर केवल स्त्रियाँ हैं ॥29॥
Yamraj, Vayu, death, Hades, Badvanal, sharp edge of sword, poison, snake and fire – all these are equal for destruction on one side and women alone on one side. 29॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥