Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 13.167.32: तत्पश्चात गंगाजी ने अपने विविध गुणों का वर्णन करके वंदना की, तत्पश्चात देवसुन्दरी देवी ने स्त्री के कर्तव्यों का विस्तृत वर्णन किया। | mahabharat अध्याय 13.167: पार्वतीजीके द्वारा स्त्री-धर्मका वर्णन । mahabharat पर्व 13: अनुशासन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
तत: साऽऽराधिता देवी गङ्गया बहुभिर्गुणै:।
प्राह सर्वमशेषेण स्त्रीधर्मं सुरसुन्दरी॥ ३२॥
अनुवाद
तत्पश्चात गंगाजी ने अपने विविध गुणों का वर्णन करके वंदना की, तत्पश्चात देवसुन्दरी देवी ने स्त्री के कर्तव्यों का विस्तृत वर्णन किया।
Thereafter Gangaji, after being worshipped by describing her various virtues, then Devasundari Devi gave a detailed description of the duties of a woman.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥