Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 13.146.d21: आपका सम्पूर्ण शरीर भस्म से लिपटा हुआ है, आपकी आंखें भयंकर हैं, आपकी दाढ़ें तीखी हैं और आपका सिर जटाओं से लदा हुआ है, आप व्याघ्र चर्म से लिपटे हुए हैं और आपका मुख कपिल वर्ण की दाढ़ी और मूंछों से ढका हुआ है। | mahabharat अध्याय 13.146: शिव-पार्वतीका धर्मविषयक संवाद—वर्णाश्रमधर्मसम्बन्धी आचार एवं प्रवृत्ति-निवृत्तिरूप धर्मका निरूपण । mahabharat पर्व 13: अनुशासन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
आपका सम्पूर्ण शरीर भस्म से लिपटा हुआ है, आपकी आंखें भयंकर हैं, आपकी दाढ़ें तीखी हैं और आपका सिर जटाओं से लदा हुआ है, आप व्याघ्र चर्म से लिपटे हुए हैं और आपका मुख कपिल वर्ण की दाढ़ी और मूंछों से ढका हुआ है।
Your entire body is smeared with ash, your eyes appear fierce, your molars are sharp and your head is laden with matted locks, you are wrapped in tiger skin and your face is covered with a Kapila-coloured beard and moustache.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥