श्री महाभारत  »  पर्व 12: शान्ति पर्व  »  अध्याय 185: शरीरके भीतर जठरानल तथा प्राण-अपान आदि वायुओंकी स्थिति आदिका वर्णन  »  श्लोक 14
 
 
श्लोक  12.185.14 
पक्वाशयस्त्वधो नाभ्यामूर्ध्वमामाशय: स्थित:।
नाभिमध्ये शरीरस्य सर्वे प्राणाश्च संस्थिता:॥ १४॥
 
 
अनुवाद
नाभि के नीचे ग्रहणी और उसके ऊपर आमाशय स्थित है तथा शरीर के सभी महत्वपूर्ण अंग नाभि के मध्य भाग में स्थित हैं । 14॥
 
Below the navel is located the duodenum and above it is the stomach and all the vital organs of the body are located in the middle part of the navel. 14॥
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