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ये न मानित्वमिच्छन्ति मानयन्ति च ये परान्।
मान्यमानान् नमस्यन्ति दुर्गाण्यतितरन्ति ते॥ १९॥
अनुवाद
जो लोग दूसरों से सम्मान की अपेक्षा नहीं करते, जो स्वयं दूसरों को सम्मान देते हैं तथा जो माननीय व्यक्तियों के आगे झुकते हैं, वे दुर्गम कठिनाइयों को पार कर जाते हैं।
Those who do not seek respect from others, who themselves give respect to others, and who bow to honourable persons, they cross insurmountable difficulties.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥