श्री महाभारत  »  पर्व 11: स्त्री पर्व  »  अध्याय 24: भूरिश्रवाके पास उसकी पत्नियोंका विलाप, उन सबको तथा शकुनिको देखकर गान्धारीका श्रीकृष्णके सम्मुख शोेकोद्‍गार  »  श्लोक 1
 
 
श्लोक  11.24.1 
गान्धार्युवाच
सोमदत्तसुतं पश्य युयुधानेन पातितम्।
वितुद्यमानं विहगैर्बहुभिर्माधवान्तिके॥ १॥
 
 
अनुवाद
गांधारी बोली - माधव ! देखो, वही सोमदत्तपुत्र भूरिश्रवा, जिसे सात्यकि ने मारा था, पास ही दिखाई दे रहा है। बहुत से पक्षी उसे चोंच मार रहे हैं और नोच रहे हैं॥1॥
 
Gandhari said - Madhava! Look, the same Bhurishrava, son of Somadatta, whom Satyaki had killed, is seen nearby. Many birds are pecking and scratching him.॥1॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)