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श्लोक  10.14.7 
ततस्तदस्त्रं सहसा सृष्टं गाण्डीवधन्वना।
प्रजज्वाल महार्चिष्मद् युगान्तानलसंनिभम्॥ ७॥
 
 
अनुवाद
गाण्डीवधारी अर्जुन द्वारा छोड़ा गया ब्रह्मास्त्र अचानक प्रज्वलित होने लगा। उसमें से प्रलयंकारी अग्नि के समान प्रचण्ड ज्वालाएँ निकलने लगीं।
 
The Brahmastra released by Arjuna, the bearer of Gandiva, suddenly started blazing. It started emitting huge flames like the fire of destruction.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)