Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 1.89.20: वहाँ रहकर मैं स्वर्ग के सुखों में आसक्त हो गया। बहुत समय बीत जाने पर एक भयानक रूप वाला देवदूत मेरे पास आया और मुझसे तीन बार ऊँची आवाज में कहने लगा - 'गिर पड़, गिर पड़, गिर पड़'॥ 20॥ | mahabharat अध्याय 1.89: ययाति और अष्टकका संवाद । mahabharat पर्व 1: आदि पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
वहाँ रहकर मैं स्वर्ग के सुखों में आसक्त हो गया। बहुत समय बीत जाने पर एक भयानक रूप वाला देवदूत मेरे पास आया और मुझसे तीन बार ऊँची आवाज में कहने लगा - 'गिर पड़, गिर पड़, गिर पड़'॥ 20॥
Staying there I became addicted to the pleasures of heaven. After a long time had passed, an angel with a terrifying appearance came to me and said to me in a loud voice three times - 'Fall down, fall down, fall down'.॥ 20॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥