Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 1.220.37: जलती हुई अगरबत्ती की सुगंध चारों ओर फैल रही थी। पूरा शहर स्वस्थ और हृष्ट-पुष्ट लोगों से भरा हुआ था। अनेक व्यापारी उसकी शोभा बढ़ा रहे थे। 37. | mahabharat अध्याय 1.220: द्वारकामें अर्जुन और सुभद्राका विवाह, अर्जुनके इन्द्रप्रस्थ पहुँचनेपर श्रीकृष्ण आदिका दहेज लेकर वहाँ जाना, द्रौपदीके पुत्र एवं अभिमन्युके जन्म, संस्कार और शिक्षा । mahabharat पर्व 1: आदि पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
जलती हुई अगरबत्ती की सुगंध चारों ओर फैल रही थी। पूरा शहर स्वस्थ और हृष्ट-पुष्ट लोगों से भरा हुआ था। अनेक व्यापारी उसकी शोभा बढ़ा रहे थे। 37.
The fragrance of the burning agarwood was spreading everywhere. The entire city was filled with healthy and robust people. Many traders were adding to its beauty. 37.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥