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श्लोक 1.216.11  |
तानि सर्वाणि तीर्थानि तत: प्रभृति चैव ह।
नारीतीर्थानि नाम्नेह ख्यातिं यास्यन्ति सर्वश:।
पुण्यानि च भविष्यन्ति पावनानि मनीषिणाम्॥ ११॥ |
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| अनुवाद |
| तुम्हारे मोक्ष के पश्चात् वे समस्त तीर्थ इस लोक में नारी तीर्थ के नाम से विख्यात होंगे और बुद्धिमान पुरुषों को भी पवित्र करने वाले पवित्र स्थान बनेंगे ॥11॥ |
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| After your salvation all those places of pilgrimage will be renowned in this world as Nari-tirtha (women's pilgrimage) and will become holy places which purify the wise men also. ॥11॥ |
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