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श्री चैतन्य चरितामृत  »  लीला 3: अन्त्य लीला  »  अध्याय 11: हरिदास ठाकुर का महाप्रयाण  »  श्लोक 101
 
 
श्लोक  3.11.101 
एइ त कहिलुँ हरिदासेर विजय ।
याहार श्रवणे कृष्णे दृढ़ - भक्ति हय ॥101॥
 
 
अनुवाद
इस प्रकार मैंने हरिदास ठाकुर के विजयी परिनिर्वाण के विषय में बताया है। जो कोई इस कथा को सुनेगा, उसका मन निश्चय ही कृष्ण भक्ति में दृढ़ हो जाएगा।
 
Thus I have described the glorious journey of Haridasa Thakura. Anyone who listens to this story will surely strengthen his mind in devotion to Krishna.
तात्पर्य
पुरुषोत्तम-क्षेत्र, या जगन्नाथ पुरी में, टोटा-गोपीनाथ का एक मंदिर है। यदि कोई वहाँ से समुद्र की ओर जाता है, तो वह अभी भी मौजूद हरिदास ठाकुर के मकबरे की खोज कर सकता है। हर साल अनंत-चतुर्दशी की तिथि पर हरिदास ठाकुर के निधन की याद में एक त्योहार आयोजित किया जाता है। उसी स्थान पर, लगभग सौ साल पहले नित्यानंद प्रभु, कृष्ण चैतन्य महाप्रभु और अद्वैत प्रभु की मूर्तियों की स्थापना की गई थी। उड़ीसा प्रांत के केंद्रपाड़ा नामक स्थान के भ्रमरवर नामक एक सज्जन ने मंदिर में इन देवताओं की स्थापना के लिए धन का योगदान दिया। मंदिर का प्रबंधन टोटा-गोपीनाथ गोस्वामियों के अधीन था।

यह मंदिर बाद में किसी और को बेच दिया गया, और यह पार्टी अब मंदिर की सेवा-पूजा का रखरखाव कर रही है। इस मंदिर और हरिदास ठाकुर के मकबरे के पास, श्रील भक्तिविनोद ठाकुर ने भक्ति-कुटी नामक एक छोटा सा घर बनाया था। बंगाली वर्ष 1329 (ई. 1922) में, गौड़ीय मठ की एक शाखा पुरुषोत्तम-मठ की स्थापना वहाँ की गई। भक्ति-रत्नाकर में कहा गया है:

श्रीनिवास शीघ्र समुद्र के कूले गेला

हरिदास-ठाकुरेर समाधि देखिला

भूमिते पडिया कैला प्रणति विस्तर

भागवत-गण श्री-समाधि-सन्निधाने

श्रीनिवासे स्थिर कैला सस्नेह-वचने

पुनः श्रीनिवास श्री-समाधि प्रणामिया

ये विलाप कैला, ता शुनिले द्रवे हिया

"श्रीनिवास ठाकुर जल्दी से समुद्र तट पर भागा। जब उसने हरिदास ठाकुर के मकबरे को देखा, तो वह तुरंत गिर पड़ा और प्रार्थना करने लगा और लगभग बेहोश हो गया। वहाँ मौजूद भक्तों ने उसे बहुत ही मीठे और स्नेहमय शब्दों से शांत किया, और श्रीनिवास ने फिर से मकबरे में प्रणाम किया। हरिदास ठाकुर के मकबरे पर श्रीनिवास द्वारा व्यक्त किए गए अलगाव को सुनकर दिल पिघल जाता है।"

 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)