vedamrit
Reset
Home
प्रमुख ग्रंथ
भगवद गीता
श्रीमद् रामायण
श्रीमद् भागवतम
श्री महाभारत
श्री रामचरितमानस
श्रीमद् विष्णु पुराण
श्रीचैतन्य भागवत
श्रीचैतन्य चरितामृत
भक्तिरसामृतसिन्धु
वैष्णव भजन, इस्कॉन आरती
Articles
Apps
About
श्री चैतन्य चरितामृत
»
लीला 2: मध्य लीला
»
अध्याय 7: महाप्रभु द्वारा दक्षिण भारत की यात्रा
»
श्लोक 76
श्लोक
2.7.76
सबा - सङ्गे प्रभु तबे आलालनाथ आइला ।
नमस्कार क रि’ तारे बहु - स्तुति कैला ॥76॥
अनुवाद
सभी भक्त श्री चैतन्य महाप्रभु के पीछे-पीछे आलनाथ नामक स्थान पर पहुँचे। वहाँ उन्होंने श्रद्धापूर्वक प्रार्थनाएँ कीं।
All the devotees accompanied Sri Chaitanya Mahaprabhu to Alalnath. There they bowed down and offered various praises.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
© 2023 vedamrit.in - All Rights Reserved. Developed by ACd
Download SongBook App
Install
×