तोमार सङ्गेर योग्य तेंहो एक जन ।
पृथिवीते रसिक भक्त नाहि ताँर सम ॥64॥
अनुवाद
सार्वभौम भट्टाचार्य ने आगे कहा, "रामानंद राय आपकी संगति के लिए उपयुक्त व्यक्ति हैं; दिव्य प्रेम के ज्ञान में कोई अन्य भक्त उनकी बराबरी नहीं कर सकता।
Sarvabhauma Bhattacharya continued, "Ramananda Raya is a suitable person for your association. No other devotee can match him in his knowledge of the divine essences."
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥