श्री चैतन्य चरितामृत  »  लीला 1: आदि लीला  »  अध्याय 7: भगवान् चैतन्य के पाँच स्वरूप  »  श्लोक 166
 
 
श्लोक  1.7.166 
आपने दक्षिण देश करिला गमन ।
ग्रामे ग्रामे कैला कृष्ण - नाम प्रचारण ॥166॥
 
 
अनुवाद
श्री चैतन्य महाप्रभु स्वयं दक्षिण भारत गये और उन्होंने भगवान कृष्ण के पवित्र नाम का प्रचार प्रत्येक गाँव और नगर में किया।
 
Sri Chaitanya Mahaprabhu himself went to South India, where he propagated the holy name of Lord Krishna in every village and town.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)