vedamrit
Reset
Home
प्रमुख ग्रंथ
भगवद गीता
श्रीमद् रामायण
श्रीमद् भागवतम
श्री महाभारत
श्री रामचरितमानस
श्रीमद् विष्णु पुराण
श्रीचैतन्य भागवत
श्रीचैतन्य चरितामृत
भक्तिरसामृतसिन्धु
वैष्णव भजन, इस्कॉन आरती
Articles
Apps
About
श्री चैतन्य भागवत
»
खण्ड 3: अंत्य-खण्ड
»
अध्याय 9: अद्वैत आचार्य की महिमा
»
श्लोक 126
श्लोक
3.9.126
হেন-মতে ভক্তি-যোগ লওযায ঈশ্বরে
বৈকুণ্ঠ-নাযক ভক্তি-সাগরে বিহরে
हेन-मते भक्ति-योग लओयाय ईश्वरे
वैकुण्ठ-नायक भक्ति-सागरे विहरे
अनुवाद
इस प्रकार वैकुण्ठ के भगवान ने दूसरों को भक्ति सेवा की प्रक्रिया अपनाने के लिए प्रेरित करके भक्ति सेवा के सागर में आनंद लिया।
Thus the Lord of Vaikuntha enjoyed himself in the ocean of devotional service by inspiring others to adopt the process of devotional service.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
© 2023 vedamrit.in - All Rights Reserved. Developed by ACd
Download SongBook App
Install
×