श्री चैतन्य भागवत  »  खण्ड 3: अंत्य-खण्ड  »  अध्याय 5: श्री नित्यानंद प्रभु की लीलाएँ  »  श्लोक 706
 
 
श्लोक  3.5.706 
দস্যু-গণ-মোচন যে চিত্ত দিযাশুনে
নিত্যানন্দ-চৈতন্য দেখিবে সেই জনে
दस्यु-गण-मोचन ये चित्त दियाशुने
नित्यानन्द-चैतन्य देखिबे सेइ जने
 
 
अनुवाद
जो कोई भी डाकुओं को छुड़ाने के इन विषयों को सुनेगा, उसे नित्यानंद प्रभु और भगवान चैतन्य के दर्शन होंगे।
 
Whoever listens to these topics of freeing the bandits will have the vision of Nityananda Prabhu and Lord Chaitanya.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)