श्री चैतन्य भागवत  »  खण्ड 3: अंत्य-खण्ड  »  अध्याय 5: श्री नित्यानंद प्रभु की लीलाएँ  »  श्लोक 557
 
 
श्लोक  3.5.557 
সেই খানে ঘুমাইলা সব দস্যু-গণ
নিদ্রায হৈলা সবে মহা-অচেতন
सेइ खाने घुमाइला सब दस्यु-गण
निद्राय हैला सबे महा-अचेतन
 
 
अनुवाद
सभी डाकू वहीं सो गए। गहरी नींद में वे लगभग बेहोश हो गए।
 
All the bandits fell asleep right there, almost unconscious in their deep sleep.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)