श्री चैतन्य भागवत  »  खण्ड 3: अंत्य-खण्ड  »  अध्याय 5: श्री नित्यानंद प्रभु की लीलाएँ  »  श्लोक 543
 
 
श्लोक  3.5.543 
এই মত যুক্তি করি’ সব দস্যু-গণ
সবে নিশা-ভাগ জানি’ করিল গমন
एइ मत युक्ति करि’ सब दस्यु-गण
सबे निशा-भाग जानि’ करिल गमन
 
 
अनुवाद
इस तरह योजना बनाने के बाद डकैतों ने रात होने का इंतजार किया और फिर घर की ओर निकल पड़े।
 
After making this plan, the robbers waited for night to fall and then set out towards home.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)