कभी-कभी वह उनमें से किसी एक को बाँधकर अपने पास रख लेता। हालाँकि वह उन्हें पीटता और बाँधता, फिर भी वे ज़ोर-ज़ोर से हँसते।
Sometimes he would tie one of them up and keep it with him. Even though he beat them and tied them up, they would still laugh out loud.
तात्पर्य
श्री नित्यानंद प्रभु बच्चों पर बिना भेदभाव अपना स्नेह लुटाते थे। कई बार वे उन्हें खिलाते, तो कई बार वे शरारत करने से रोकने के लिए उनसे मस्ती में लड़ते भी। उनके व्यवहार से हर कोई संतुष्ट था। बच्चे उन्हें बलराम के रूप में स्वीकार करते थे और खुद को श्रीदामा जैसे व्यक्तित्वों के अधीन गोप चरवाहे मानते थे।
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥