इस प्रकार व्याकुल भक्तों ने भगवान के अमृतमय अवशेषों का आतुरतापूर्वक सम्मान किया।
Thus the distraught devotees eagerly paid their respects to the Lord's nectar-like remains.
तात्पर्य
सभी प्रकार के भक्त प्रभु के बचले भोजन का सम्मान करते थे। जो स्वयं को शूद्र बताते थे, उनका कहना था कि केवल उन्हीं को प्रभु के बचले भोजन का भोग लगाने का अधिकार है। किसी ने चोरी-छिपे कुछ बचा हुआ भोजन लिया और भाग गया। किसी और ने कहा कि शूद्र कभी भी प्रभु के बचले भोजन को ग्रहण करने के अधिकारी नहीं होते हैं; केवल ब्राह्मण ही इसके अधिकारी होते हैं। किसी और ने कहा कि प्लेटों को फेंकना उसका कर्तव्य है, इसलिए केवल उसी को प्रभु की प्लेट लेने का अधिकार है।
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥