श्री चैतन्य भागवत  »  खण्ड 2: मध्य-खण्ड  »  अध्याय 9: भगवान का इक्कीस घंटे का भावोन्माद और श्रीधर और अन्य भक्तों के लक्षणों का वर्णन  »  श्लोक 211
 
 
श्लोक  2.9.211 
রাখিযা বেডাও ভক্তি শরীর-ভিতরে
হেন ভক্তি নবদ্বীপে হৈল বাহিরে
राखिया वेडाओ भक्ति शरीर-भितरे
हेन भक्ति नवद्वीपे हैल बाहिरे
 
 
अनुवाद
“आप अपने शरीर के भीतर भक्ति को छिपाते हैं, लेकिन आपने उस भक्ति को नवद्वीप में प्रकट किया है।
 
“You hide devotion within your body, but you have manifested that devotion in Navadvipa.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)