श्री चैतन्य भागवत  »  खण्ड 2: मध्य-खण्ड  »  अध्याय 9: भगवान का इक्कीस घंटे का भावोन्माद और श्रीधर और अन्य भक्तों के लक्षणों का वर्णन  »  श्लोक 115
 
 
श्लोक  2.9.115 
ঽআরে ভাই, আমারে রাখহ এই-বার
জাতি, প্রাণ, ধন, দেহ—সকল তোমার
ऽआरे भाइ, आमारे राखह एइ-बार
जाति, प्राण, धन, देह—सकल तोमार
 
 
अनुवाद
हे भाई, इस बार मेरी रक्षा करो। मेरी जाति, प्राण, धन और शरीर सब तुम्हारा है।
 
"Oh brother, please protect me this time. My race, life, wealth, and body are all yours."
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)