श्री चैतन्य भागवत  »  खण्ड 2: मध्य-खण्ड  »  अध्याय 23: काजी को उद्धार करने वाले दिन नवद्वीप में भगवान का भ्रमण  »  श्लोक 394
 
 
श्लोक  2.23.394 
আম্র-পনসের ডাল ভাঙ্গিঽ কেহ ফেলে
কেহ কদলীর বন ভাঙ্গিঽ ঽহরিঽ বলে
आम्र-पनसेर डाल भाङ्गिऽ केह फेले
केह कदलीर वन भाङ्गिऽ ऽहरिऽ बले
 
 
अनुवाद
कुछ लोगों ने आम और कटहल के पेड़ों की शाखाएं तोड़ दीं, और कुछ ने हरि का नाम जपते हुए केले के पेड़ों को उखाड़ दिया।
 
Some people broke branches of mango and jackfruit trees, and some uprooted banana trees while chanting the name of Hari.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)