श्री चैतन्य भागवत  »  खण्ड 2: मध्य-खण्ड  »  अध्याय 23: काजी को उद्धार करने वाले दिन नवद्वीप में भगवान का भ्रमण  »  श्लोक 230
 
 
श्लोक  2.23.230 
এই মত কীর্তন করিযা সর্ব-লোক
পাসরিলা দেহ-ধর্ম, যত দুঃখ-শোক
एइ मत कीर्तन करिया सर्व-लोक
पासरिला देह-धर्म, यत दुःख-शोक
 
 
अनुवाद
इस प्रकार कीर्तन करते समय सभी लोग अपने शारीरिक लक्षण जैसे दुःख और विलाप आदि भूल गये।
 
While doing kirtan in this manner, everyone forgot their physical symptoms like sorrow and lamentation etc.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)