vedamrit
Reset
Home
प्रमुख ग्रंथ
भगवद गीता
श्रीमद् रामायण
श्रीमद् भागवतम
श्री महाभारत
श्री रामचरितमानस
श्रीमद् विष्णु पुराण
श्रीचैतन्य भागवत
श्रीचैतन्य चरितामृत
भक्तिरसामृतसिन्धु
वैष्णव भजन, इस्कॉन आरती
Articles
Apps
About
श्री चैतन्य भागवत
»
खण्ड 2: मध्य-खण्ड
»
अध्याय 19: अद्वैत आचार्य के घर में भगवान की लीलाएँ
»
श्लोक 102
श्लोक
2.19.102
সবেই বেদান্তী-জ্ঞানী, সবেই তপস্বী
আজন্ম কাশীতে বাস, সবেই যশস্বী
सबेइ वेदान्ती-ज्ञानी, सबेइ तपस्वी
आजन्म काशीते वास, सबेइ यशस्वी
अनुवाद
वे सभी वेदान्त के ज्ञाता और तपस्वी थे। उन्होंने अपना पूरा जीवन काशी में बिताया था और बहुत प्रसिद्ध थे।
They were all Vedanta scholars and ascetics. They spent their entire lives in Kashi and were very famous.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
© 2023 vedamrit.in - All Rights Reserved. Developed by ACd
Download SongBook App
Install
×