vedamrit
Reset
Home
प्रमुख ग्रंथ
भगवद गीता
श्रीमद् रामायण
श्रीमद् भागवतम
श्री महाभारत
श्री रामचरितमानस
श्रीमद् विष्णु पुराण
श्रीचैतन्य भागवत
श्रीचैतन्य चरितामृत
भक्तिरसामृतसिन्धु
वैष्णव भजन, इस्कॉन आरती
Articles
Apps
About
श्री चैतन्य भागवत
»
खण्ड 2: मध्य-खण्ड
»
अध्याय 13: जगाई और माधाई का उद्धार
»
श्लोक 224
श्लोक
2.13.224
হেন-মতে দুঽ-জনেতে পাইল মোচন
দুই জনে স্তুতি করে দুঽযের চরণ
हेन-मते दुऽ-जनेते पाइल मोचन
दुइ जने स्तुति करे दुऽयेर चरण
अनुवाद
इस प्रकार दोनों को मुक्ति मिल गई और वे दोनों भगवान के चरण कमलों में प्रार्थना करने लगे।
Thus both of them attained salvation and they both started praying at the lotus feet of God.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
© 2023 vedamrit.in - All Rights Reserved. Developed by ACd
Download SongBook App
Install
×