श्री चैतन्य भागवत  »  खण्ड 2: मध्य-खण्ड  »  अध्याय 1: भगवान के प्रतिष्ठान का प्रारंभ और कृष्ण-संकीर्तन पर निर्देश  »  श्लोक 162
 
 
श्लोक  2.1.162 
যে কৃষ্ণের নামে হয জগত্ পবিত্র
না বলে দুঃখিত জীব তাঙ্হার চরিত্র
ये कृष्णेर नामे हय जगत् पवित्र
ना बले दुःखित जीव ताङ्हार चरित्र
 
 
अनुवाद
“सारा संसार कृष्ण के नाम से पवित्र हो गया है, फिर भी दुखी जीव उनकी महिमा का कीर्तन करने से विमुख रहते हैं।
 
“The whole world has been sanctified by the name of Krishna, yet miserable beings remain averse to chanting His glories.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)