श्री चैतन्य भागवत  »  खण्ड 1: आदि-खण्ड  »  अध्याय 15: श्री विष्णुप्रिया के साथ विवाह  »  श्लोक 57
 
 
श्लोक  1.15.57 
বিশ্বম্ভর-পণ্ডিতেরে তোমার দুহিতা
দান কর’—এ সম্বন্ধ উচিত সর্বথা
विश्वम्भर-पण्डितेरे तोमार दुहिता
दान कर’—ए सम्बन्ध उचित सर्वथा
 
 
अनुवाद
"कृपया अपनी बेटी का विवाह विश्वम्भर पंडित से कर दीजिए। मुझे लगता है कि यह एक आदर्श जोड़ी है।"
 
"Please marry your daughter to Vishwambhar Pandit. I think they are a perfect match."
तात्पर्य
शब्द संबन्ध का मतलब "शादी का प्रस्ताव", "शादी की व्यवस्था (इकट्ठा करना या आयोजित करना)", "परिवार के सदस्य", या "रिश्तेदार" होता है।
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)