श्री चैतन्य भागवत  »  खण्ड 1: आदि-खण्ड  »  अध्याय 12: भगवान का नवद्वीप में भ्रमण  »  श्लोक 78
 
 
श्लोक  1.12.78 
আপনা’ প্রকাশ প্রভু করে বাযু ছলে
তথাপি না বুঝে কেহ তা’ন মাযা-বলে
आपना’ प्रकाश प्रभु करे वायु छले
तथापि ना बुझे केह ता’न माया-बले
 
 
अनुवाद
इस प्रकार भगवान ने वात रोग के बहाने स्वयं को प्रकट किया, फिर भी उनकी माया के प्रभाव से कोई भी उन्हें समझ नहीं सका।
 
Thus the Lord revealed Himself under the guise of rheumatism, yet due to the influence of His Maya no one could understand Him.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)