श्रीधर ने उत्तर दिया, “कम से कम मैं भूखा तो नहीं मर रहा हूँ, और चाहे छोटा हो या बड़ा, मैं अभी भी कुछ कपड़े पहने हुए हूँ।”
Sridhar replied, “At least I am not dying of hunger, and whether small or big, I still have some clothes on.”
तात्पर्य
नीमाई के प्रश्न के जवाब में श्रीधर बोले, ''मुझे भोजन या वस्त्र की कमी के चलते कोई कठिनाई नहीं होती। मैं पूरी तरह से उपवास नहीं करता, कुछ न कुछ खा ही लेता हूँ। हालाँकि मेरे पास अच्छे कपड़े पहनने का अवसर नहीं है, लेकिन मैं किसी तरह फटे हुए कपड़े से अपने को ढक लेता हूँ।''
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥