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श्लोक 140
श्लोक
2.4.140
अथ (२३) मतिः —
शास्त्रादीनां विचारोत्थम् अर्थ-निर्धारणं मतिः ॥२.४.१४०॥
अनुवाद
“शास्त्र से परामर्श करके अर्थ निकालना मति कहलाता है।”
“Consulting the scriptures and deriving meaning is called Mati.”
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हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
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