श्रीमद् भागवतम  »  स्कन्ध 9: मुक्ति  »  अध्याय 12: भगवान् रामचन्द्र के पुत्र कुश की वंशावली  »  श्लोक 8
 
 
श्लोक  9.12.8 
तत: प्रसेनजित् तस्मात् तक्षको भविता पुन: ।
ततो बृहद्ब‍लो यस्तु पित्रा ते समरे हत: ॥ ८ ॥
 
 
अनुवाद
विश्वबाहु के बाद प्रसेनजित नाम का पुत्र हुआ, प्रसेनजित से तक्षक और तक्षक से बृहद्बल उत्पन्न हुआ जिसका वध तुम्हारे पिता ने युद्ध में किया।
 
Vishvabahu gave birth to a son named Prasenjit, from whom was born Takshak, and from Takshak was born Brihadbal, who was killed by your father in the war.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)