श्रीमद् भागवतम  »  स्कन्ध 2: ब्रह्माण्ड की अभिव्यक्ति  »  अध्याय 8: राजा परीक्षित द्वारा पूछे गये प्रश्न  »  श्लोक 18
 
 
श्लोक  2.8.18 
नृणां साधारणो धर्म: सविशेषश्च याद‍ृश: ।
श्रेणीनां राजर्षीणां च धर्म: कृच्छ्रेषु जीवताम् ॥ १८ ॥
 
 
अनुवाद
कृपया यह भी समझाइए कि मानव समाज में सामान्य धार्मिक संबंध क्या होते हैं, धर्म में उनके विशिष्ट कर्तव्य क्या हैं, सामाजिक और प्रशासनिक व्यवस्था का वर्गीकरण क्या है और संकट में पड़े व्यक्ति का धर्म क्या होना चाहिए।
 
कृपया यह भी समझाइए कि मानव समाज में सामान्य धार्मिक संबंध क्या होते हैं, धर्म में उनके विशिष्ट कर्तव्य क्या हैं, सामाजिक और प्रशासनिक व्यवस्था का वर्गीकरण क्या है और संकट में पड़े व्यक्ति का धर्म क्या होना चाहिए।
 ✨ ai-generated
 
 
  Connect Form
  हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
  © 2026 vedamrit.in All Rights Reserved. Developed by acd