Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 bhagavat 10.63.3-4: श्री बलराम और कृष्ण को आगे करके सात्वत वंश के प्रधान- प्रद्युम्न, सात्यकि, गद, साम्ब, सारण, नन्द, उपनन्द, भद्र और अन्य लोग बारह अक्षौहिणी सेना के साथ एकत्रित हुए और चारों ओर से बाणासुर की नगरी को पूरी तरह से घेर लिया। | bhagavat अध्याय 10.63: बाणासुर और भगवान् कृष्ण का युद्ध । bhagavat स्कन्ध 10: परम पुरुषार्थ । श्रीमद् भागवतम Srimad Bhagavatam | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
श्री बलराम और कृष्ण को आगे करके सात्वत वंश के प्रधान- प्रद्युम्न, सात्यकि, गद, साम्ब, सारण, नन्द, उपनन्द, भद्र और अन्य लोग बारह अक्षौहिणी सेना के साथ एकत्रित हुए और चारों ओर से बाणासुर की नगरी को पूरी तरह से घेर लिया।
Putting Shri Balram and Krishna forward, the leaders of the Satvat dynasty - Pradyumna, Satyaki, Gad, Samba, Saran, Nand, Upanand, Bhadra and others gathered with the twelve Akshauhini army and completely surrounded the city of Banasur from all sides.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥