Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 bhagavat 10.54.32: अपने भाई को मारने को तत्पर प्रभु श्रीकृष्ण को देख साध्वी सी रुक्मिणी भयभीत हो गई थीं। वह अपने पति के चरणों में गिरकर दयनीय स्वर में बोलीं। | bhagavat अध्याय 10.54: कृष्ण-रुक्मिणी विवाह । bhagavat स्कन्ध 10: परम पुरुषार्थ । श्रीमद् भागवतम Srimad Bhagavatam | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
अपने भाई को मारने को तत्पर प्रभु श्रीकृष्ण को देख साध्वी सी रुक्मिणी भयभीत हो गई थीं। वह अपने पति के चरणों में गिरकर दयनीय स्वर में बोलीं।
Seeing Lord Krishna ready to kill her brother, the saintly Rukmini became very frightened. She fell at her husband's feet and spoke in a very sad voice.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥